तुला लग्न की कुण्डली का फलादेश

तुला लग्न की कुण्डली का फलादेश राशि गणना से यह सातवीं राशि है। कालपुरुष शरीर में इसका स्थान नाभि के नीचे का स्थान पेट (या पेडू) है, इसका स्वरूप तराजू हाथ में लिए हुए पुरुष के सदृश है। इसका निवास Read more

कन्या लग्न की कुण्डली का फलादेश

कन्या लग्न की कुण्डली का फलादेश राशि चक्र में यह छठी राशि है तथा इसका स्वामी बुध है। जिसकी यह दूसरी राशि है। कालपुरुष शरीर में इसका स्थान कमर में है तथा इसका आकार सुकुमार सुन्दर कन्या सा है, जिसके Read more

सिंह लग्न का फलादेश

सिंह लग्न की कुण्डली का फलादेश

सिंह लग्न की कुण्डली का फलादेश राशि चक्र की पांचवीं एवं अत्यन्त समर्थ राशि है, जिसका स्वामी ग्रहराज सूर्य है । कालपुरुष शरीर में इसका स्थान उदर (पेट) में है। इसकी आकृति वनराज शेर के समान है तथा निवास स्थान Read more

कर्क लग्न की कुण्डली का फलादेश

कर्क लग्न की कुण्डली का फलादेश राशि चक्र में यह चौथी राशि है । कालपुरुष में इसका स्थान हृदय पर है। इसका स्वरूप केकड़े के समान है । इसका निवास बावड़ी, पोखर, जलाशय या जल का किनारा है। सम राशि, Read more

मिथुन लग्न की कुंडली का फलादेश

मिथुन लग्न की कुंडली का फलादेश मिथुन राशि, राशि-समूह में पहली युग्म राशि है, जिसका आकार स्त्री-पुरुष सम्बन्धों के लेकर है । काल पुरुष शरीर में इसका स्थान स्तनमध्य है । मिथुनाकृति में स्त्री-पुरुष का जोड़ा होता है, जिसमें स्त्री Read more

वृष लग्न की कुण्डली का फलादेश

वृष लग्न की कुण्डली का फलादेश वृष या वृषभ लग्न सुदृढ़ एवं सबल शक्ति का परिचायक है । कालपुरुष के शरीर में यह मुख का प्रतिनिधित्व करती है । लग्न पर दुष्ग्रहों का प्रभाव या दृष्टि मुखरोग उत्पन्न करती है। Read more

मेष लग्न की कुण्डली का फलादेश

मेष लग्न की कुण्डली का फलादेश मेष लग्न एक अत्यन्तर दृढ़ लग्न है। काल पुरुष के शरीर में इसका स्थान सिर है । इसका स्वरूप भेड़ा के सदृश है, जो कि बलशाली तथा प्रत्येक से लड़ने-भिड़ने को तत्पर रहता है। Read more

कुंडली में व्यापार एवम कारोबार रोजगार योग

कुंडली में व्यापार एवम कारोबार रोजगार योग व्यवसाय क्या होगा? कुंडली में लग्न से दशम भाव में जो ग्रह स्थित हो, उसके गुण-स्वभाव-साधन के अनुसार जातक का व्यवसाय होता है। 1. यदि दशम भाव में एक से अधिक ग्रह हों Read more

कुंडली में वाहन एवम मकान योग

कुंडली में वाहन एवम मकान योग कुंडली में चतुर्थ भाव से वाहन-कार मोटरगाड़ी आदि तथा मकान, जमीन व भू-संपत्ति के बारे में विचार किया जाता है। यदि चतुर्थ भाव शुभ राशि में शुभ ग्रह या अपने स्वामी से युत या Read more

कुंड्ली में विद्या एवम नौकरी योग

कुंड्ली में विद्या एवम नौकरी योग कुंडली में पंचम भाव से विद्या का विचार किया जाता है। पंचम भाव एवं पंचमेश की स्थिति जितनी अच्छी होगी, जातक की विद्या उसी के अनुसार अच्छी होगी । पंचम भाव शुभ ग्रहों के Read more