रोग शांति के लिये विशिष्ट उपाय

रोग शांति के लिये विशिष्ट उपाय रोग उपचार के निमित्त दुनिया भर में ही विभिन्न तरीके इस्तेमाल किया जाते रहे है। इनके एक तरीका अपनी निष्ठा अनुसार अपने इष्टदेव से प्रार्थना, पूजा-अनुष्ठान करने का भी रहा है। और अब आधुनिक परीक्षणों से भी यह बात बिलकुल स्पष्ट हो चुकी है Read more

पितृदोष और रोग विचार

पितृदोष और रोग विचार पितृदोष भी एक ऐसा दोष है कि जिसके जन्म कुंडली में विद्यमान रहने पर जातक और उसक परिवार एंव सगे-संबन्धी सभी नाना प्रकार के दुःख, दर्द, कष्ट और रोगादि भोगने पर मजबूर होना पडता है। पितृदोष के प्रभाव से स्वयं जातक को ही नहीं, अपितु उसकी Read more

कुंडली में गुर्दा रोग देखने के सूत्र

कुंडली में गुर्दा रोग देखने के सूत्र वर्तमान में गुर्दा रोग से पीडित रोगियों की संख्या निरंतर बढ रही है। गुर्दा संबंधी रोग के पीछे कई तरह के कारण देखे जाते है। इनमें डायबिटीज, उच्च रक्तचाप, मादक द्रव्यों का सेवन, शराब व रासायन आधारित दवाओं का लगातार सेवन करना, कीटनाशक Read more

ज्योतिष शास्त्र में त्वचा संबंधी रोग

ज्योतिष शास्त्र में त्वचा संबंधी रोग ‘त्वचा’ यानी स्किन हमारे शरीर का सबसे बाहरी आवरण है। यह हमें एक विशेष व्यक्तित्व आकर्षण एंव चुम्बकीय आभा प्रदान करने के साथ-साथ विभिन्न रोग कारक जीवाणुओं, विषाणुओं, फंगस, मक्खी, मच्छर जैसे कीट-पंगतों से भी सुरक्षा प्रदान करती है। ज्योतिष शास्त्र की दृष्टि में Read more

कुंडली में वाणी दोष देखने के सूत्र

कुंडली में वाणी दोष देखने के सूत्र द्वितीय स्थान वक्तृत्व शक्ति, भाषण शक्ति का स्थान है और बुध भाषण का कारक ग्रह है। काल पुरूष के इस हिस्से में वृष राशि का वास माना गया है। इसलिए इन योगों में वृष राशि की स्थित पर भी विचार किया जाता है। Read more

कुंडली में मनोरोग देखने के सूत्र

ज्योतिष शास्त्र में मस्तिष्क, मानसिक शक्ति, मनोविकार, बुद्धि, विद्या, ज्ञान आदि के लिए अगल-अलग कारकों का अध्ययन किया जाता है। जब बुद्धि तथा मन के द्योतक सभी अंगों पर पापी ग्रहों का प्रभाव पाया जाये तो उन्माद योग की सृष्टि होती है। बुद्धि के द्योतक अंग हैं :- (i) लग्न Read more

कुंडली में हृदय रोग देखने के सूत्र

हृदय रोगों के अनेक प्रकार देखने में आते है। इन सबके पीछे अलग-अलग तरह के कारण रहते हैं। जैसे कुछ लोगों का हृदय रक्त आपूर्ति में बाधा आने के कारण कमजोर पड़ने लगता है तो कुछ लोगों में रक्त नलिकाओं के अवरुद्ध होने पर हृदय अपना काम एकाएक बंद कर Read more

कुंडली में कैंसर रोग देखने के सूत्र

कुंडली में कैंसर रोग देखने के सूत्र ज्योतिषीय आधार पर कैंसर जैसी भयानक और अति कष्टकारी रोग लिए मुख्यतः राहू, केतु तथा शनि जैसे अत्यंत अशुभ एंव पापी ग्रहों को जिम्मेदार माना जाता है। यद्यपि राहु-केतु प्रत्यक्ष तो इस रोग का कारण नहीं बनते, क्योंकि यह दोनों ही छाया ग्रह Read more

कुंडली में यौन रोग देखने के सूत्र

कुंडली में यौन रोग देखने के सूत्र नपुंसकता नपुंसकता के पीछे कई तरह की स्थितियां काम करती है। इसके कारण पुरूष अपनी पत्नी के साथ सहवास करने में अक्षम बन जाता है या उसके वीर्य में शुक्राणुओं की संख्या घट जाती है या पूरी तरह से समाप्त हो जाती हैं। Read more

कुंडली उदर रोग देखने के सूत्र

कुंडली उदर रोग देखने के सूत्र वर्तमान में उदर (पेट) संबन्धी व्याधियां एक नई समस्या बन गयी है। अस्सी फीसदी से ज्यादा लोग किसी न किसी प्रकार की उदर संबन्धी व्याधि से ग्रस्त, परेशान देखे जा रहे है। यद्यपि उदर संबंधी व्याधियों में ज्योतिषीय परामर्श, रत्न धारण एंव अन्य उपायों Read more